Apni Beti Ki - Chudai Pehli Bar Jabardasti Baap Ne Ki Story Hindirar Exclusive [new]

क्या आपके साथ भी ऐसा हुआ है? अगर हां, तो अपनी स्टोरी neeche comments में जरूर share करें। और अगर नहीं, तो ये आर्टिकल अपने पापा को forward करें – शायाद कल से वो आपको ‘तू’ बुलाना शुरू कर दें।

फिल्में जैसे 'English Vinglish' में श्री राव (अदिल हुसैन) या 'Dangal' में महावीर सिंह फोगाट – चाहे वो कितने सख्त क्यों न हों, आखिरी सीन में उनका ‘बेटी को तू कहना’ या ‘गले लगाना’ ही पूरे सिनेमा का सबसे बड़ा emotional beat बनता है। मनोवैज्ञानिकों के अनुसार, भारतीय पिता अक्सर 'आप' शब्द का इस्तेमाल एक सुरक्षा कवच की तरह करते हैं। उन्हें डर है कि कहीं 'तू' बोलने से औपचारिकता खत्म न हो जाए और बेटी उनके कंट्रोल से बाहर न निकल जाए।

लेकिन भारतीय परिवारों की यही त्रासदी है – पिता दिल से बेटी को 'तू' कहना चाहते हैं, पर समाज उन्हें सिखाता है कि 'दूरी ही सम्मान है'। यह कहानी तब करवट बदलती है, जब काव्या ने अपनी पहली बड़ी फिल्म प्रोडक्शन हाउस में असिस्टेंट डायरेक्टर की जॉब जॉइन की। लाइफस्टाइल पूरी तरह बदल गई। शूटिंग के सिलसिले में रातें जागना, देर रात तक घर लौटना आम बात हो गई। श्री राजेंद्र शर्मा

आपकी नेक्स्ट लाइफस्टाइल चॉइस – इस V-Day नहीं, इसी महीने, क्यों न पिता और बेटी मिलकर कोई शॉर्ट फिल्म देखें? या 10 मिनट के लिए बिना फोन के बैठें, और बातचीत की भाषा बदलें?

"मैं हमेशा उनके लिए 'बेटा' थी, लेकिन जुबान पर उनकी सिर्फ 'आप' रहती थी," काव्या हमें हंसते हुए बताती हैं। "बचपन में जब मैं साइकिल से गिरी, तो उन्होंने कहा था - 'उठो बेटा, आपको चोट तो लगी होगी।' कोई गले नहीं लगाया, बस इतना सा कहकर चले गए। मुझे लगता था, शायद बाप-बेटी का रिश्ता बस इतना ही होता है।" एक रिटायर्ड आर्मी अफसर

यह है – एक Exclusive Lifestyle और Entertainment फीचर जो आपको सिर्फ रुलाएगा नहीं, बल्कि आपके अपने रिश्तों का दर्पण भी दिखाएगा। शुरुआत: एक ‘आप’ का खत काव्या शर्मा, मुंबई की एक कॉर्पोरेट पेशेवर, अब तक अपने पिता के साथ बातचीत की एक तय लय में पल बढ़ी थी। उनके पिता, श्री राजेंद्र शर्मा, एक रिटायर्ड आर्मी अफसर, हमेशा सख्त रहे।

लेकिन आज की यह कहानी थोड़ी हटकर है। यह कहानी है उस बेटी की, जिसने 25 साल की उम्र में अपने पिता के मुंह से पहली बार सुना – – और यही छोटा सा ‘तू’ उसके लिए पूरी दुनिया की तमाम शाबाशियों से बड़ा हो गया। श्री राजेंद्र शर्मा

"मैं अपने आपको रोक नहीं पाई। मैंने दौड़कर उन्हें गले लगा लिया। वो पहली बार था, जब मेरे पिता ने भी मुझे कसकर थामा। उस छोटे से ‘तू’ ने 25 साल की बेटी को फिर से बच्चा बना दिया।" हमारे एंटरटेनमेंट डेस्क ने जब इस कहानी पर रिसर्च शुरू की, तो हमने पाया कि हाल के बॉलीवुड और वेब सीरीज में भी इसी ‘नए पिता’ का ट्रेंड दिख रहा है।